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मौसम अपडेट: एमपी, छत्तीसगढ़ और राजस्थान में बढ़ेगी ठंड

मौसम अपडेट: एमपी, छत्तीसगढ़ और राजस्थान में बढ़ेगी ठंड

मौसम अपडेट: एमपी, छत्तीसगढ़ और राजस्थान में बढ़ेगी ठंड


मौसम अपडेट: मध्यप्रदेश, छत्तीसगढ़ और राजस्थान में सर्दी का असर तेज हो गया है. मौसम विभाग के अनुसार आने वाले दिनों में तापमान और गिरेगा, ठंडी हवाएं चलेंगी और शीतलहर का प्रकोप बढ़ सकता है. जानें पूरा मौसम अपडेट.

मध्यप्रदेश, छत्तीसगढ़ और राजस्थान में सर्दी का कहर, आगे और बढ़ेगी ठंड

उत्तर भारत के साथ-साथ मध्य भारत में भी सर्दी का असर लगातार बढ़ता जा रहा है. मध्यप्रदेश, छत्तीसगढ़ और राजस्थान इस समय तेज ठंड की चपेट में हैं. सुबह और रात के समय ठिठुरन बढ़ गई है, वहीं कई इलाकों में ठंडी हवाओं ने लोगों की परेशानी बढ़ा दी है. मौसम विभाग के संकेतों के मुताबिक आने वाले दिनों में इन तीनों राज्यों में ठंड और ज्यादा तीव्र हो सकती है.

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उत्तर से आ रही ठंडी हवाओं का असर

मौसम विशेषज्ञों के अनुसार उत्तर भारत से चलने वाली ठंडी और शुष्क हवाएं मध्य भारत तक पहुंच रही हैं. इन हवाओं के कारण न्यूनतम तापमान में लगातार गिरावट दर्ज की जा रही है. खासतौर पर खुले और ग्रामीण इलाकों में सर्दी का असर ज्यादा महसूस किया जा रहा है. पहाड़ी क्षेत्रों में हुई बर्फबारी का सीधा असर मैदानी राज्यों के मौसम पर पड़ रहा है, जिससे ठंड और तेज हो रही है.

मध्यप्रदेश का मौसम: शीतलहर की संभावना

मध्यप्रदेश के कई जिलों में रात का तापमान सामान्य से नीचे पहुंच गया है. भोपाल, इंदौर, ग्वालियर, उज्जैन और जबलपुर जैसे बड़े शहरों में सुबह के समय ठंडी हवा और हल्का कोहरा देखने को मिल रहा है. मौसम विभाग का कहना है कि आने वाले दिनों में न्यूनतम तापमान और गिर सकता है.
ग्वालियर-चंबल संभाग में शीतलहर की स्थिति बनने की आशंका है, जबकि मालवा और बुंदेलखंड क्षेत्रों में भी सर्द रातें लोगों को ठिठुरने पर मजबूर कर सकती हैं.

छत्तीसगढ़ में भी बढ़ रही ठंड

छत्तीसगढ़ में आमतौर पर सर्दी का असर थोड़ा कम रहता है, लेकिन इस बार ठंड ने यहां भी दस्तक दे दी है. रायपुर, बिलासपुर, दुर्ग और सरगुजा संभाग में तापमान में गिरावट दर्ज की गई है. सुबह के समय हल्की धुंध और ठंडी हवाएं चल रही हैं.
मौसम विभाग का अनुमान है कि आने वाले कुछ दिनों में छत्तीसगढ़ के उत्तरी हिस्सों में ठंड और तेज हो सकती है. ग्रामीण इलाकों में लोग अलाव का सहारा लेते नजर आ रहे हैं.

राजस्थान में कड़ाके की ठंड

राजस्थान में सर्दी अपने चरम पर पहुंचने लगी है. जयपुर, सीकर, चूरू, बीकानेर और अलवर जैसे इलाकों में रात का तापमान काफी नीचे चला गया है. रेगिस्तानी इलाकों में दिन और रात के तापमान में बड़ा अंतर देखने को मिल रहा है.
पश्चिमी राजस्थान में ठंडी हवाओं के साथ शुष्क मौसम बना हुआ है, जिससे ठिठुरन और बढ़ रही है. आने वाले दिनों में यहां शीतलहर का प्रभाव और तेज होने की संभावना जताई जा रही है.

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कोहरे और धुंध का असर

सर्दी बढ़ने के साथ-साथ सुबह के समय कोहरे और धुंध की समस्या भी सामने आ रही है. इससे सड़क और रेल यातायात प्रभावित हो सकता है. खासकर हाईवे और खुले इलाकों में दृश्यता कम होने की आशंका रहती है. वाहन चालकों को सुबह और रात के समय अतिरिक्त सावधानी बरतने की सलाह दी जा रही है.

किसानों और फसलों पर प्रभाव

तेज ठंड का असर खेती पर भी पड़ सकता है. रबी फसलों के लिए हल्की ठंड फायदेमंद मानी जाती है, लेकिन अत्यधिक सर्दी और पाला फसलों को नुकसान पहुंचा सकता है. मध्यप्रदेश और राजस्थान के कुछ इलाकों में किसान फसलों को पाले से बचाने के लिए सिंचाई और धुएं का सहारा ले रहे हैं.
मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि तापमान में और गिरावट होने पर सतर्कता जरूरी होगी.

स्वास्थ्य पर पड़ सकता है असर

बढ़ती ठंड का सीधा असर लोगों के स्वास्थ्य पर भी देखने को मिल सकता है. सर्दी-जुकाम, खांसी, बुखार और सांस संबंधी समस्याएं बढ़ने की आशंका रहती है. बुजुर्गों, बच्चों और पहले से बीमार लोगों को विशेष सावधानी बरतने की जरूरत है.
डॉक्टरों की सलाह है कि गर्म कपड़े पहनें, ठंडे पानी से बचें और सुबह-शाम बाहर निकलते समय शरीर को पूरी तरह ढककर रखें.

आगे कैसा रहेगा मौसम?

मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार मध्यप्रदेश, छत्तीसगढ़ और राजस्थान में अगले कुछ दिनों तक ठंड से राहत मिलने की संभावना कम है. तापमान में और गिरावट दर्ज की जा सकती है और ठंडी हवाएं चलती रहेंगी
हालांकि दिन के समय धूप निकलने से थोड़ी राहत मिल सकती है, लेकिन रात और सुबह की ठंड लोगों को परेशान करती रहेगी.

सावधानी और सुझाव

  • सुबह और रात के समय बाहर निकलते समय गर्म कपड़े जरूर पहनें.

  • कोहरे में वाहन चलाते समय धीमी गति और फॉग लाइट का इस्तेमाल करें.

  • बुजुर्गों और बच्चों को ठंड से बचाकर रखें.

  • किसानों को मौसम अपडेट पर नजर रखते हुए फसलों की सुरक्षा करनी चाहिए.

निष्कर्ष

कुल मिलाकर मध्यप्रदेश, छत्तीसगढ़ और राजस्थान इस समय सर्दी की चपेट में हैं और आने वाले दिनों में ठंड और बढ़ने की पूरी संभावना है. मौसम विभाग की चेतावनियों को ध्यान में रखते हुए लोगों को सतर्क रहने की जरूरत है. ठंड के इस दौर में सावधानी ही सबसे बड़ा बचाव है.

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