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उमरिया: उमरिया में NEET पेपर लीक को लेकर युवा कांग्रेस का जोरदार प्रदर्शन

उमरिया में NEET पेपर लीक के विरोध में युवा कांग्रेस का उग्र प्रदर्शन। गांधी चौक पर केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का पुतला फूंका गया

उमरिया: उमरिया में NEET पेपर लीक को लेकर युवा कांग्रेस का जोरदार प्रदर्शन

उमरिया में NEET परीक्षा पेपर लीक मामले को लेकर राजनीतिक माहौल गर्माता जा रहा है. बुधवार को युवा कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने गांधी चौक में जोरदार विरोध प्रदर्शन करते हुए केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का पुतला फूंका. प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं और पुलिस के बीच तीखी झूमाझटकी भी देखने को मिली.

युवा कांग्रेस ने केंद्र सरकार पर परीक्षा प्रणाली को सुरक्षित रखने में विफल रहने और छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ करने के गंभीर आरोप लगाए. प्रदर्शनकारियों ने कहा कि NEET जैसी महत्वपूर्ण परीक्षा में पेपर लीक होना देश की शिक्षा व्यवस्था पर बड़ा सवाल खड़ा करता है.

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गांधी चौक बना विरोध का केंद्र

शहर के गांधी चौक पर सुबह से ही युवा कांग्रेस कार्यकर्ता एकत्र होने लगे थे. हाथों में तख्तियां और बैनर लेकर पहुंचे कार्यकर्ताओं ने केंद्र सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की. “छात्रों के भविष्य से खिलवाड़ बंद करो”, “पेपर लीक पर जवाब दो” और “शिक्षा मंत्री इस्तीफा दो” जैसे नारों से पूरा क्षेत्र गूंज उठा.

प्रदर्शन का नेतृत्व युवा कांग्रेस के स्थानीय पदाधिकारियों ने किया. कार्यकर्ताओं का कहना था कि देशभर में लाखों छात्रों ने कठिन मेहनत के बाद NEET परीक्षा दी, लेकिन पेपर लीक की खबरों ने छात्रों और अभिभावकों का भरोसा तोड़ दिया.

शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग

प्रदर्शन के दौरान युवा कांग्रेस नेताओं ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान से तत्काल इस्तीफे की मांग की. उनका आरोप था कि परीक्षा आयोजित कराने वाली एजेंसियां लगातार विवादों में घिरी हुई हैं, लेकिन सरकार जवाबदेही तय करने से बच रही है.

युवा कांग्रेस नेताओं ने कहा कि अगर सरकार छात्रों के भविष्य को लेकर गंभीर है, तो उसे इस मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों पर सख्त कार्रवाई करनी चाहिए. साथ ही, परीक्षा प्रक्रिया को पूरी तरह पारदर्शी बनाने की भी मांग की गई.

पुलिस और कार्यकर्ताओं के बीच झूमाझटकी

स्थिति उस समय तनावपूर्ण हो गई जब कार्यकर्ताओं ने शिक्षा मंत्री का पुतला जलाने की कोशिश की. पुलिस ने उन्हें रोकने का प्रयास किया, जिसके बाद कुछ देर तक पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच झूमाझटकी होती रही.

मौके पर मौजूद पुलिस बल ने स्थिति को नियंत्रित करने की कोशिश की, लेकिन कार्यकर्ता लगातार विरोध करते रहे. हालांकि बाद में पुलिस ने स्थिति को संभाल लिया और किसी बड़ी घटना की जानकारी सामने नहीं आई.

पुलिस को चकमा देने के लिए बनाए गए दो पुतले

इस प्रदर्शन की सबसे खास बात यह रही कि युवा कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने पुलिस को चकमा देने के लिए दो अलग-अलग पुतले तैयार किए थे. पुलिस जब एक पुतले को रोकने में लगी रही, तब कार्यकर्ताओं ने दूसरे पुतले में आग लगा दी.

इस रणनीति के चलते प्रदर्शन कुछ देर के लिए और अधिक उग्र हो गया. घटना के दौरान मौके पर मौजूद लोगों की भीड़ ने पूरे घटनाक्रम को अपने मोबाइल कैमरों में कैद किया.

छात्रों में बढ़ रहा आक्रोश

NEET परीक्षा पेपर लीक का मामला लगातार देशभर में चर्चा का विषय बना हुआ है. छात्रों और अभिभावकों का कहना है कि इस तरह की घटनाएं मेहनती छात्रों के मनोबल को तोड़ती हैं.

उमरिया में भी कई छात्रों ने इस मामले को लेकर नाराजगी जाहिर की. छात्रों का कहना है कि वर्षों की मेहनत और तैयारी के बाद परीक्षा में शामिल होना आसान नहीं होता, लेकिन पेपर लीक जैसी घटनाएं पूरी प्रक्रिया की विश्वसनीयता पर सवाल खड़े कर देती हैं.

विपक्ष लगातार सरकार को घेर रहा

NEET विवाद को लेकर विपक्ष लगातार केंद्र सरकार पर हमलावर है. विभिन्न राजनीतिक दलों द्वारा देशभर में प्रदर्शन किए जा रहे हैं. विपक्ष का आरोप है कि सरकार शिक्षा व्यवस्था को संभालने में असफल रही है और परीक्षा एजेंसियों पर नियंत्रण कमजोर हो गया है.

राजनीतिक जानकारों का मानना है कि यह मुद्दा आने वाले समय में और बड़ा राजनीतिक रूप ले सकता है, क्योंकि यह सीधे छात्रों और युवाओं से जुड़ा मामला है.

शिक्षा व्यवस्था पर उठे बड़े सवाल

NEET जैसी राष्ट्रीय स्तर की परीक्षा में पेपर लीक की खबरों ने पूरे सिस्टम की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं. विशेषज्ञों का कहना है कि परीक्षा प्रक्रिया को डिजिटल और तकनीकी रूप से अधिक सुरक्षित बनाने की आवश्यकता है.

इसके अलावा परीक्षा केंद्रों की निगरानी, प्रश्नपत्र सुरक्षा और परीक्षा एजेंसियों की जवाबदेही तय करने जैसे मुद्दों पर भी अब गंभीर चर्चा शुरू हो गई है.

निष्कर्ष

उमरिया में युवा कांग्रेस का यह प्रदर्शन केवल एक राजनीतिक विरोध नहीं, बल्कि छात्रों के भविष्य को लेकर बढ़ती चिंता का प्रतीक भी माना जा रहा है. NEET पेपर लीक विवाद ने पूरे देश में शिक्षा व्यवस्था को लेकर बहस छेड़ दी है.

अब देखने वाली बात होगी कि केंद्र सरकार इस मामले में क्या बड़ा कदम उठाती है और क्या छात्रों का भरोसा दोबारा कायम हो पाएगा या नहीं.

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